म्यूच्यूअल फंड क्या है और इसमें निवेश कैसे करे

म्यूच्यूअल फंड, सही है। आपने अपने दोस्तों या विज्ञापन के द्वारा कभी ना कभी म्यूच्यूअल फंड का नाम जरूर सुना होगा। और कई बार इसमें निवेश करने की इच्छा भी आपके मन में जरूर आयी होगी। लेकिन अधूरी जानकारी होने  के कारण आप इसमें निवेश करने में अपने कदम पीछे हटा लेते है। बिना किसी जानकारी के निवेश करना नुकसानदेह हो सकता है। आज इस लेख में हम म्यूच्यूअल फंड  के विषय में हर एक जानकारी को बारीकी से पढ़ेंगे। 

म्यूच्यूअल फंड का इतिहास 

म्यूच्यूअल फंड (mutual fund) जिसे हिंदी में पारस्परिक निधि कहते हे। यूरोप में  इसकी शुरुवात 21 मार्च 1924 में हुआ। लेकिन भारत में इसकी शुरुवात 1963 में यूनिट ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया (UTI) के साथ रिज़र्व बैंक ऑफ़ इंडिया (RBI) और भारत सरकार के नेतृत्व में हुई।


संसद में एक एक्ट के संशोधन के पश्चात UTI की शुरुवात की 1963 में  रिज़र्व बैंक ऑफ़ इंडिया के अंतर्गत हुई लेकिन कुछ समय बाद 1978 में UTI को RBI से अलग कार्य करने की अनुमति मिल गयी।

सरकार की म्यूच्यूअल फंड शुरुवात करने के पीछे की मंशा छोटे निवेशकों को को बाजार के प्रति आकर्षित करना था। लोगो के मन में शेयर  मार्किट के प्रति अभी भी कई संकाय बनी हुई  जिसके  कारण  लोग शेयर मार्किट में निवेश नहीं करते। भारत में केवल 5% लोग ही शेयर  मार्किट में निवेश करते हे जबकि अमेरिका में यह आकड़ा 50% है।


म्यूच्यूअल  फंड के विकास को  अच्छे से समझने के लिए इसे चार चरण में समझते हे।


पहला चरण- म्यूच्यूअल फंड का पहला चरण 1964 से 1987  तक चला जिसमे UTI ने प्रथम चरण के दौरान 6,700 करोड़ रुपए अर्जित किये।

दूसरा चरण- यह चरण 1987 से 1993 तक था जिसमे UTI के खजाने में 47,004 करोड़ के धनराशि अर्जित हुई। 

तीसरा चरण- यह चरण 1993 से 2003 तक चला इस चरण में कई प्राइवेट कंपनिया  म्यूच्यूअल फंड में शामिल हुई यह चरण के दौरान म्यूच्यूअल फंड की संपत्ति 44,541 हो चुकी थी।

चौथा चरण- इस चरण की शुरुवात 2003 से  हुई। 2000 में UTI के विभाजन के पश्चात जो प्रबंधन के तहत हे के साथ 76,000  करोड़ की संपत्ति अर्जित हुई। 


म्यूच्यूअल फंड क्या है ? और इसके प्रकार। 


म्यूच्यूअल फंड   क्या है- 

म्यूच्यूअल फंड एक ऐसी इस्कीम है, जिसमे कई निवेशकों से धन अर्जित करके शेयर मार्किट में निवेश करके बॉन्ड बनाती ही। इसमें शेयर मार्किट की तुलना में जोखिम भी सम्भावना भी बहुत कम होती है। इसमें म्यूच्यूअल फंड के निवेशकों की भी कुछ हिस्सेदारी होती है जोकि आपके धनराशि को शेयर मार्किट में निवेश करने की कुछ फीस के तोर पर ली जाती है।  



ओपन एंडेड और क्लोज एंडेड फंड-

ओपन एंडेड फण्ड-  इसमें फण्ड किसी भी समय जारी किये जा  सकती है। इसमें फण्ड बेचने की कोई समय सीमा  नहीं है आप किसी भी समय इन्हे खरीद और बेच सकते है। यह एक तरह का बोनोस होता हे जो कंपनियों द्वारा अपने ग्राहकों को दिया जाता हे।इसमें शेयर मार्किट की तरह उतार चढ़ाव होता रहता है।  यह लोगो द्वारा काफी पसंद किया जाता है।

क्लोज एंडेड फण्ड- इस तरह के फण्ड को एक निश्चित समय में ही जारी किया जाता है। तथा आप एक निश्चित समय में ही इन्हे खरीद और बेच पाएंगे। इस तरह के फंड सुरक्षित माना जाता है क्योकि इस तरह के फंड की जानकारी हर जगह उपलब्ध होती हे। 


म्यूच्यूअल फंड के प्रकार 

म्यूच्यूअल फंड के वैसे तो कई प्रकार होते हे पर पर सामान्यता इसके  चार प्रकारो को ही मुख्य मानते है बाकि सब इन्ही का एक छोटा सा रूप है। 


  1. Equity Fund or Growth Fund- 

इस तरह के फंड  में शेयर मार्किट में निवेश किया किया जाता है। जिस कारण से इसमें जोखिम की 
सम्भावनाये भी अधिक होती है लेकिन जोखिम से साथ-साथ इसमें लगाया गया पैसा भी अच्छे रिटर्न भी मिलता है। इस तरह के फंड में निवेश करने के लिए आपको सब्र रखना बहुत जरुरी हे , क्योकि इस तरह के फंड शेयर मार्किट में निवेश किया जाता हे और शेयर मार्किट में अच्छे रिटर्न के लिए सब्र रखना जरुरी हे।


  1. Debt Fund-


इस तरह के फंड में कम जोखिम होने के साथ-साथ रिटर्न भी कम मिलता है। इस तरह के फंड में कम समय के लिए पैसे लगाए जाते है। इस तरह के फंड में वो लोग पैसे लगाते हे जिन्हे जोखिम लेने की आदत नहीं है।
इस तरह के फंड का पैसा  सरकारी अनुबंध, कॉरपारेट अनुबंध और फिक्स्ड डिपोसिट आदि में लगाया जाता है जिसमे कम जोखिम  होता है।


  1. Balanced or Hybrid Fund-

जैसे नाम से ही पता चलता हे की बैलेंस्ड फंड, यह इक्विटी फंड और डेब्ट फंड के बीच का भाग है इसमें जोखिम इक्विटी फंड और डेब्ट फंड के मध्य का होता है और रिटर्न भी। इस तरह के फंड कम और अधिक समय दोनों तरह के होते है। क्योकि यह इक्विटी फंड और डेब्ट फंड के मध्यांतर का फंड है तो इसमें धनराशि का कुछ भाग इक्विटी फंड में और कुछ भाग डेब्ट फंड में निवेश किया जाता है। 


  1. Money Market Fund- 

इस तरह के फंड में कम जोखिम के साथ-साथ रिटर्न भी कम होता है। यह एक कम सीमा अवधी वाला फंड है। इस तरह के फंड का पैसा ट्रेज़री बिल,कमर्सिअल पेपर्स, सर्टिफिकेट्स ऑफ़ डिपोसिट आदि में निवेश किया जाता है।  

लोग म्यूच्यूअल फंड क्यों खरीदते है?

म्यूच्यूअल फंड निवेशकों के बिच पैसे से पैसा बनाने का बेहतर विकल्प हे आम तो पर इसकी निम्नलिखित विशेषताए है-

  1. Professional Management( पेशेवर प्रबंधन )-

म्यूच्यूअल फंड में कई कंपनी के पेशेवर मैनेजर होते है जो आपके पैसे को निवेश करने से पहले उस स्टॉक या कंपनी के बारे में अच्छे से जानकारी एकत्रित करके उस पैसे को निवेश करते है। 

  1. Diversification( विविधता )-

किसी कंपनी में पैसे लगाने पर यदि उस कंपनी में नुकसान होने पर हमे भी नुकसान होगा तो उस नुकसान को कम करने के लिए म्यूच्यूअल फंड हमारे पैसे एक जगह निवेश न करके उस धनराशि को कई जगह लगता है। जिससे जोखिम को कम किया  जा सके। 

  1. Affordability( बजट में )-

मार्किट में बहुत सी ऐसी कंपनी है जिनके स्टॉक की कीमत बहुत ज्यादा हे और लोगो का बजट कम होने के कारण लोग उन स्टॉक को नहीं खरीद पाते, लेकिन म्यूच्यूअल फंड में बहुत से लोगो का पैसा एक साथ होता हे जिससे जो एक साथ बहुत से स्टॉक खरीद सकते है। इसलिए म्यूच्यूअल फंड में निवेश करना एक बेहतर विकल्प है। 

आप म्यूच्यूअल फंड की शुरुवात 500 रुपए से भी कर सकते है। 

  1. Liquidness( तरलता )-

म्यूच्यूअल फंड में निवेशकर्ता अपनी इच्छा अनुसार इन फण्ड को कभी भी बेच सकते हे जो की म्यूच्यूअल फंड की तरलता  प्रकट करता है। ये लोगो को म्यूच्यूअल फंड खरीदने के बाद मिलने वाला  बहुत अच्छा विकल्प है जो लोगो को म्यूच्यूअल फंड की ओर आकर्षित करने में बहुत बड़ी भूमिका निभाता है।  

म्यूच्यूअल फंड में निवेश कैसे करे?

म्यूच्यूअल फंड में निवेश करना बेहद ही आसान हे,जिसके लिए आपको google play store से आप कोई भी android app डाउनलोड कर सकते है,play store पर ऐसे बहुत से android app हे जोम्यूच्यूअल फंड में इन्वेस्ट करने की सुविधा प्रदान करते है। जिनमेंसे कुछ निम्न है-

  1. KFinKart 
  2. Zerodha Coin 
  3. ETMONEY 
  4. Groww 
आप इनमेसे किसी भी एक android app को डाउनलोड म्यूच्यूअल फंड में इन्वेस्ट कर सकते है। 



                              में आशा करता हूँ की आपको मेरा यह लेख पसंद आया होगा। अधिक जानकारी के लिए आप हमे social side पर भी follow कर सकते है।

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